देहरादून। देवभूमि की बेटियों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि यदि हौसलों में उड़ान हो, तो संसाधनों की कमी कभी आड़े नहीं आती। गुरुवार को देहरादून स्थित लोक भवन में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में चमोली जनपद के जीआईसी ज्योतिर्मठ की बेटियों के नवाचार ने न केवल सबका ध्यान खींचा, बल्कि पूरे प्रदेश का मान बढ़ाया। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने इन नन्हे वैज्ञानिकों की रचनात्मक सोच की मुक्त कंठ से सराहना की।
उत्तराखंड की युवा प्रतिभाओं को तकनीक और विज्ञान से जोड़ने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में प्रदेश के 13 जनपदों से 108 अभिनव आइडियाज का चयन किया गया था। इस दौरान राज्यपाल ने 'एआई थीम रूम' का उद्घाटन किया और 'एआई ऑन व्हील्स' को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। प्रदर्शनी में जब ज्योतिर्मठ की छात्राओं ने अपने प्रोजेक्ट्स का प्रदर्शन किया, तो वहां मौजूद विशेषज्ञ दंग रह गए। कार्यक्रम में लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने “AI थीम रूम” का उद्घाटन किया और “AI ऑन व्हील्स” को हरी झंडी दिखाकर प्रदेश में तकनीक आधारित भविष्य की दिशा में नए कदम की शुरुआत की। टेक्नोलॉजी हब के माध्यम से राज्य के 13 जनपदों से चयनित 108 नवाचारों और तकनीकी परियोजनाओं की प्रदर्शनी लगाई गई, जिसने लोगों को बेहद प्रभावित किया। इस दौरान पीएम श्री जीआईसी ज्योतिर्मठ की कक्षा 9 की छात्रा कुमारी असमी के अभिनव आइडिया को विशेष सराहना मिली। राज्यपाल ने स्वयं उन्हें सम्मानित करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। छात्रा की रचनात्मक सोच और वैज्ञानिक दृष्टिकोण ने कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों को प्रभावित किया। विद्यालय की प्रधानाचार्य उर्मिला बहुगुणा को भी “एआई मिशन इनोवेशन” में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया। शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार और विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने के उनके प्रयासों की कार्यक्रम में खूब प्रशंसा हुई। कार्यक्रम में पीएम श्री राजकीय बालिका इंटर कॉलेज ज्योतिर्मठ की छात्राएं कुमारी दिव्या, कुमारी अनन्या और कुमारी अंकिता ने भी प्रतिभाग कर पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित किया। छात्राओं का आत्मविश्वास, प्रस्तुति और नवाचार यह साबित करता है कि दूरस्थ क्षेत्रों की बेटियां भी अवसर मिलने पर विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में नई ऊंचाइयां छू सकती हैं। इस अवसर पर नवोदित बाल वैज्ञानिकों को मार्गदर्शन देने के उद्देश्य से “AI ऑन बिल” पहल की भी शुरुआत की गई। राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड की बेटियां विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रही हैं और आने वाले समय में देश-दुनिया में राज्य का नाम रोशन करेंगी। यह आयोजन न केवल युवा प्रतिभाओं के लिए प्रेरणा बना, बल्कि यह संदेश भी दे गया कि सही मंच, मार्गदर्शन और तकनीक के साथ पहाड़ की बेटियां किसी भी मुकाम को हासिल कर सकती हैं।

